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महाराष्ट्र में ₹2 लाख करोड़ के डेटा सेंटर प्रोजेक्ट की तैयारी, एयरट्रंक को मिला LoI

Maharashtra महाराष्ट्र: महाराष्ट्र सरकार ने राज्य में डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने एयरट्रंक डेटा सेंटर्स के सीईओ रॉबिन खुदा का स्वागत करते हुए एक विशाल डेटा सेंटर प्रोजेक्ट के लिए लेटर ऑफ इंटेंट (LoI) का आदान-प्रदान किया।
जानकारी के अनुसार, यह प्रोजेक्ट रायगढ़ के पेन ग्रोथ सेंटर (ऑरेंज सिटी) में प्रस्तावित है। राज्य सरकार की ओर से कंपनी को भूमि आवंटन से जुड़ा LoI प्रदान किया गया है, जिससे इस बड़े निवेश परियोजना की औपचारिक प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।
इस प्रस्तावित डेटा सेंटर प्रोजेक्ट से लगभग ₹2 लाख करोड़ के निवेश की उम्मीद जताई जा रही है। साथ ही इसकी क्षमता 3 GW (गीगावॉट) तक होने की योजना है, जो इसे राज्य के सबसे बड़े डेटा सेंटर निवेश प्रोजेक्ट्स में शामिल करती है।
Delighted to welcome CEO of @AirTrunk Mr. Robin Khuda, to Maharashtra!
— Devendra Fadnavis (@Dev_Fadnavis) June 1, 2026
We exchanged a Letter of Intent for land allotment at the Raigad Pen Growth Centre (Orange City) for their upcoming Data Center — a massive ₹2 Lakh Crore investment with 3 GW capacity!
Backed by… pic.twitter.com/u2kxcYukhV
मुख्यमंत्री फडणवीस ने इस मौके पर कहा कि यह निवेश राज्य में तकनीकी और डिजिटल इकोसिस्टम को मजबूत करेगा और बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर भी पैदा करेगा। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार डेटा सेंटर और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को बढ़ावा देने के लिए लगातार नीतिगत सुधार कर रही है।
एयरट्रंक डेटा सेंटर्स के सीईओ रॉबिन खुदा ने महाराष्ट्र सरकार के साथ साझेदारी को महत्वपूर्ण बताया और कहा कि यह प्रोजेक्ट भारत के डिजिटल विकास को नई गति देगा। कंपनी का लक्ष्य उच्च क्षमता वाले डेटा सेंटर इंफ्रास्ट्रक्चर के जरिए क्लाउड और एआई आधारित सेवाओं को मजबूत करना है।
रायगढ़ क्षेत्र में प्रस्तावित यह प्रोजेक्ट राज्य के औद्योगिक और डिजिटल विकास मानचित्र पर एक बड़ा बदलाव ला सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि इतने बड़े पैमाने पर डेटा सेंटर निवेश से महाराष्ट्र को देश के प्रमुख टेक और डेटा हब के रूप में और मजबूती मिलेगी।
सरकारी सूत्रों के अनुसार, इस परियोजना के आगे बढ़ने से न सिर्फ तकनीकी क्षेत्र में निवेश बढ़ेगा, बल्कि स्थानीय स्तर पर इंफ्रास्ट्रक्चर, रोजगार और सहायक उद्योगों को भी बढ़ावा मिलेगा।
कुल मिलाकर, यह समझौता महाराष्ट्र को डिजिटल अर्थव्यवस्था के क्षेत्र में एक नई ऊंचाई पर ले जाने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।





